कैलास मानसरोवर यात्रा निजी हाथों में सौंपने पर नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने सरकार को घेरा

 

नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने कैलास मानसरोवर यात्रा को निजी हाथों में सौंपने को भ्रष्टाचार करार दिया है। उनका कहना है कि बीते 27 साल से इस यात्रा का संचालन कर रहे कुमाऊं मंडल विकास निगम (केएमवीएन) को इस आयोजन से दरकिनार करना ठीक नहीं है। आर्य ने सरकार से इस निर्णय पर विचार कर मामले की जांच करने की मांग की है।

शुक्रवार को मीडिया को जारी बयान में आर्य ने कहा कि 1981 से विश्व प्रसिद्ध कैलास मानसरोवर यात्रा संचालित की जा रही है। केएमवीएन ने 1994 से भारतीय सीमा में कैलास मानसरोवर यात्रा शुरू की। शुरुआत के प्रतिकूल हालात में यात्रा संचालित कर केएमवीएन ने यात्रा मार्ग में करीब एक दर्जन टीआरसी व कैंप स्थापित किए।

यह भी पढ़े :  आईसोलेशन में रहकर मुख्यमंत्री निपटा रहे हैं कामकाज ,वीडियो कॉफ्रेंसिंग के जरिए अधिकारियों को दे रहे हैं दिशा-निर्देश

खराब मौसम के बावजूद यहां दर्जनों निगम कर्मियों ने सेवाएं दीं। क्षेत्र के ग्रामीणों को भी रोजगार से जोड़ा गया। आर्य ने कहा कि पर्यटन प्रदेश में पर्यटन के क्षेत्र में कार्य कर रहे केएमवीएन के लिए प्रतिकूल हालात में यात्रा संचालन का प्रतिफल अब और बेहतर ढंग से मिलना था लेकिन, निगम ने बिना किसी निविदा के आठ वर्षों के लिए एक निजी कंपनी से इसका करार कर लिया

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here