
उतराखंड की अस्थाई राजधानी देहरादून में मंगलवार को भारत की रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण पहुची वो यहा बंगलूरू विमान हादसे में शहीद हुए स्क्वाड्रन लीडर सिद्धार्थ नेगी के परिवार से मिलने के लिए पहुंची थी
वही उनके साथ रक्षा मंत्री के साथ उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत भी मौजूद रहे। आपको बता दे कि रक्षामंत्री निर्मला सीतारमण यहां लगभग एक घंटे रहीं। जिसके बाद वह विशेष चॉपर से लौट गईं।

वही मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत व रक्षा मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने शहीद के पंडित वाड़ी स्थित आवास पर जाकर उनके चित्र पर माल्यार्पण किया। मुख्यमंत्री एवं रक्षा मंत्री ने कामना की कि दुःख की इस घड़ी को सहन करने की उनके परिजनों को ईश्वर शक्ति प्रदान करे। उन्होंने दिवंगत की आत्मा की शान्ति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की एवं शोक संतप्त परिजनों को सांत्वना दी। आपको बता दें कि बेंगलुरू स्थित हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड हवाई अड्डे पर भारतीय वायुसेना का मिराज 2000 प्रशिक्षक विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। जिसमें दो पायलट शहीद हो गए थे। इनमें से एक पायलट सिद्धार्थ नेगी देहरादून के वसंत विहार का रहने वाला था। विमान हादसे में शहीद हुए उत्तराखंड के युवा स्क्वाड्रन लीडर सिद्धार्थ नेगी की अस्थियां सोमवार की देर शाम कनखल स्थित सती घाट पर गंगा में प्रवाहित की गई थी।
वही सोमबार को बेंगलुरु में 3 दिन पूर्व एमआई 2000 विमान दुर्घटना में शहीद हुए देहरादून के स्क्वाडर्न लीडर सिद्धार्थ नेगी की अस्थियां सोमवार देर शाम हरिद्वार के कनखल स्थित सती घाट पर लाई गई जहां प्रदेश सरकार की तरफ से शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक ने दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि दी परिवार के तीर्थ पुरोहित प्रतीक कौशिक ने पूरे विधि विधान के साथ अस्थियों को मां गंगा में विसर्जित कराया अस्थि विसर्जन का काम दिवंगत सिद्धार्थ के पिता बलबीर सिंह नेगी ने किया इस दौरान उनके परिवार और काफी संख्या में स्थानीय लोग भी उपस्थित हुए। 
शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक ने सती घाट पहुंच मृत आत्मा को श्रद्धांजलि दी उन्होंने कहा कि गोल्डन ब्वॉय सिद्धार्थ नेगी को प्रदेश का गौरव बताया उन्होंने कहा कि उनके पिता ने पुलिस में रहकर अपनी सेवा दी है उन्होंने कहा कि दुख की इस घड़ी में सरकार उनके परिवार के साथ है।






