देहरादून: कोरोना की दूसरी लहर के बीच म्यूकरमाइकोसिस (ब्लैक फंगस) ने तीरथ सरकार की चिंता बढ़ा दी है. अन्य राज्यों की तरह उत्तराखंड में भी इसके मामले सामने आ रहे हैं. 18 मई तक उत्तराखंड में ब्लैक फंगस के 28 मामले सामने आ चुके हैं. जिसमें एक मरीज की मौत भी हो चुकी है. जिसके बाद राज्य सरकार भी अलर्ट हो गई है.

उत्तराखंड में ब्लैक फंगस का पहला मामला राजधानी देहरादून से सामने आया था. जिसके बाद ऋषिकेश, अल्मोड़ा सहित दूसरे स्थानों से भी मामले सामने आने लगे हैं. इस वजह से स्वास्थ्य विभाग की चुनौतियां बढ़ गईं हैं. कोरोना संक्रमण से ठीक हो चुके मरीजों के लिए ब्लैक फंगस (म्यूकोरमाइकोसिस) के लक्षण को नजरअंदाज करना घातक साबित हो सकता है. लिहाजा किसी भी व्यक्ति में अगर ब्लैक फंगस के लक्षण दिखाई देते हैं तो वह तत्काल डॉक्टरों से सलाह लें. इसके साथ ही ब्लैक फंगस से बचाव को लेकर राजकीय मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी के कम्युनिटी मेडिसिन विभाग की तरफ से एडवाइजरी भी जारी कर दी गई है।

mostbet

क्या है म्यूकोरमाइकोसिस (ब्लैक फंगस)

म्यूकरमाइकोसिस एक ऐसा फंगल इंफेक्शन है, जिसे कोरोना वायरस ट्रिगर करता है. कोविड-19 टास्क फोर्स के एक्सपर्ट्स का कहना है कि ये उन लोगों में आसानी से फैलता है, जो किसी बीमारी से जूझ रहे हैं या उनका इम्यूनिटी सिस्टम कमजोर है. म्यूकोरमाइसिटीस राइजोपस प्रजाति से संबंधित है. ब्लैक फंगस संक्रमण अस्पताल के साथ ही घरों में भी फैलने की आशंका रहती है. जिसमें पुराने एयर कंडीशनर, सीलन युक्त कमरे, गंदे कपड़े, घाव को ढकने के लिए प्रयोग में लाई गई पट्टी, मिट्टी के कमरों का हवादार ना होना मुख्य कारण है।

कैसे बनाता है शिकार

एक्सपर्ट्स के मुताबिक, हवा में फैले रोगाणुओं के संपर्क में आने से कोई व्यक्ति फंगल इंफेक्शन का शिकार हो सकता है. ब्लैक फंगस मरीज की स्किन पर भी विकसित हो सकता है. स्किन पर चोट, रगड़ या जले हुए हिस्सों से ये शरीर में दाखिल हो सकता है.

अब तक 28 मरीजों में पुष्टि

उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण के कहर से पहले ही लोग काफी परेशान हैं. ऐसे में ब्लैक फंगस (म्यूकोरमाइकोसिस) के मरीज मिलने से लोगों की चिंताएं बढ़ गई हैं. उत्तराखंड में अभी तक 28 मरीजों में ब्लैक फंगस की पुष्टि हो चुकी है. उत्तराखंड में पहला मामला बीते शुक्रवार को मैक्स अस्पताल में सामने आया था. इसके बाद शनिवार को ऋषिकेश एम्स, अल्मोड़ा और देहरादून के इंद्रेश अस्पताल में भी एक मरीज में ब्लैक फंगस की पुष्टि हुई है. इन सबके अलावा मैक्स अस्पताल में एक अभी एक संदिग्ध मरीज भर्ती है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here