योग के मूल में है विश्व कल्याण की भावना: कुलपति

श्री गुरु राम राय विश्वविद्यालय में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का आयोजन

देहरादून।

श्री गुरु राम राय विश्वविद्यालय में मंगलवार को आठवां अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस धूमधाम से मनाया गया।

विद्यार्थियों के साथ-साथ शिक्षकों ने अंतर्राष्ट्रीय योग प्रोटोकॉल का अभ्यास किया। योग विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में सभी को योग के लाभों से अवगत कराया गया। इस अवसर पर अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के साथ ही विश्व संगीत दिवस के उपलक्ष्य में ऑनलाइन राष्ट्रीय संगोष्ठी भी आयोजित की गई।
विश्वविद्यालय के कुलाधिपति महंत देवेंद्र दास जी महाराज ने छात्रों को प्रेषित शुभकामना संदेश में कहा कि योग भारतीय संस्कृति का एक अभिन्न हिस्सा है। यह मस्तिष्क और शरीर की एकता का प्रतीक है। योग संपूर्ण विश्व के स्वास्थ्य और हित के लिए एक समग्र दृष्टिकोण प्रदान करता है। उन्होंने लोगों को योग के प्रति जागरूक करने और इससे होने वाले स्वास्थ्य लाभ को जन-जन तक पहुंचाने का आहवान किया।
इस योग दिवस की थीम ‘मानवता के लिए योग‘ कोविड-19 के प्रभाव को देखते हुए चुनी गई है, क्योंकि कोरोना महामारी से ना सिर्फ हमारे स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचा है बल्कि चिंता, अवसाद जैसी कई मानसिक समस्याएं भी पैदा हुई हैं जो मानवता के लिए सबसे बड़ी चुनौती हैं।

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विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. यू.एस. रावत ने दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में नई शिक्षा नीति में योग से जुड़े विभिन्न पाठ्यक्रम तैयार किए जा रहे हैं। उनका कहना था कि आज योग ही एक ऐसा साधन है जिससे अपने मन को शांत व शरीर को स्वस्थ रख सकते हैं। आज बहुत से लोग कई प्रकार की बीमारियों से परेशान हैं, उनके लिए योग बहुत ही फायदेमंद है। योग ऐसी क्रिया है जिसके माध्यम से व्यक्ति निरोगी जीवन जी सकता है।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ.दीपक साहनी ने छात्रों को योग के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि जरुरी नहीं हैं कि योग के लिए कई घंटो का समय निकाला जाए, तीस मिनट भी फायदेमंद होंगे। योग दिवस के पीछे एक ही उद्देश्य है, विश्व मानव समाज का कल्याण।
इस अवसर पर मानविकी और सामाजिक विज्ञान विभाग की डीन एवं योगा विभाग की प्रोफेसर डॉ. सरस्वती काला ने कहा कि योग शरीर के साथ-साथ मानसिक और आध्यात्मिक स्वास्थ के बीच संतुलन बनाता है। उन्होंने बताया कि योग से मन एकाग्रचित्त रहता है व साथ ही शारीरिक व मानसिक रोग दूर होते हैं, जिससे शारीरिक एवम मानसिक संतुलन बना रहता हैं और सकारात्मक विचार का प्रवाह होता हैं। इस तरह योग से मनुष्य का सर्वांगीण विकास होता हैं।
छात्र कल्याण अधिष्ठाता डीन व योगा विभाग के प्रोफेसर कंचन जोशी ने विद्यार्थियों को योगासनों से होने वाले विभिन्न लाभों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि योगाभ्यास से ऊर्जा का संचार होता है। साथ ही योग शरीर से हानिकारक टोक्सिंस को बाहर निकालता है, जिससे शरीर के विकार दूर होते हैं और मनुष्य दीर्घायु बनता है।
इसके साथ ही योग विभाग द्वारा श्री गुरू राम राय इंस्टीयूट ऑफ मेडिकल एंड हेल्थ साइंसेस में आयोजित साप्ताहिक योग शिविर का अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर समापन किया गया। इस शिविर में एमबीबीएस छात्रों के साथ ही संकाय सदस्यों ने बड़ी संख्या में प्रतिभाग किया। संचालन योगा विभाग के प्रोफेसर कंचन जोशी ने किया।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय की शैक्षिक समन्वयक प्रो. मालविका कांडपाल, विश्वविद्यालय समन्वयक डॉ. आरपी सिंह, मुख्य प्रोक्टर मनोज तिवारी, डीन रिसर्च लोकेश गंभीर, डीन नर्सिग प्रो. रामालक्ष्मी, डॉ. अनिल थपलियाल, डॉ. गीता रावत, डॉ. दीपक सोम, सविता पाटिल, विजेंद्र सिंह के साथ ही संबंधित स्कूलों के डीन, शिक्षकगण और सैकड़ों छात्र मौजूद रहे।

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