उत्तराखंड : ऐसा ही होता रहा तो जल्द सचिवालय संघ ओर सरकार के बीच होगी महाभारत , क्योकि यहा कमर्चारियों के जख्मों पर नमक छिडकने जैसा ही रहा काम

*गोल्डन कार्ड की खामियों को दूर करने पर स्वास्थ्य मंत्री एवं मुख्यमंत्री   धामी का अलग-अलग नजरिया नज़र आता है 

mostbet

सचिवालय संघ हैरान व अचम्भित, स्वास्थ्य मंत्री  का वादा पूर्ण होगा या मुख्य सचिव की समिति पडेगी भारी 
 
          आपको बता  दे कि   गोल्डन कार्ड को लेकर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में समिति गठित किये जाने सम्बन्धी मुख्यमंत्री  धामी  के बयान पर सचिवालय संघ ने हैरानी व्यक्त की है। सचिवालय संघ द्वारा इस मसले पर स्वास्थ्य मंत्री  के स्तर पर दो तीन दौर की बैठकों के उपरान्त आगामी मंत्रिमण्डल में गोल्डन कार्ड की खामियों को दूर करने का अपेक्षित प्रस्ताव रखे जाने हेतु सचिवालय संघ को दिये गये आश्वासन के बाद कल  मुख्यमंत्री  द्वारा इस पर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में समिति गठित किये जाने से सचिवालय संघ अचम्भित है।
 
          सचिवालय सहित सम्पूर्ण प्रदेश के कार्मिकों, शिक्षको, पेंशनर्स एवं उनके परिवार के आश्रितों के चिकित्सा स्वास्थ्य से जुडी इस गम्भीर समस्या के निराकरण हेतु सचिवालय संघ लगातार सरकार से इस योजना की खामियों को दूर कर प्रभावी ढंग से लागू करने की मांग करता आ रहा है, लगातार जनवरी, 2021 से कार्मिकों, पेंशनर्स का अंशदान कट रहा है। जहाॅं एक ओर सूबे के स्वास्थ्य मंत्री सचिवालय संघ को इस समस्या के समाधान का भरोसा दे चुके हैं तथा स्वास्थ्य विभाग के स्तर पर प्रस्ताव अनुमोदित कर वित्त विभाग की सहमति प्राप्त करते हुये आगामी मंत्रिमण्डल में रखने का वादा कर चुके हैं, वहीं दूसरी ओर सूबे के मुखिया द्वारा जनपद अल्मोडा के एक कायर्क्रम में इसके परीक्षण हेतु मुख्य सचिव की अध्यक्षता में समिति बनाने का बयान दिया गया है।
 
          गोल्डन कार्ड की खामियों पर सरकार के दृष्टिकोण पर सचिवालय संघ के अध्यक्ष  दीपक  जोशी द्वारा चिन्ता जाहिर करते हुये कहा है कि जनवरी, 2021 से अनवरत प्रदेश के सभी कार्मिको, शिक्षकों, पेन्शनर्स से प्रतिमाह अंशदान की कटौती वतर्मान समय तक जारी है, कमर्चारियों के स्वयं के अंशदान से संचालित इस योजना को सरकार के आला अधिकारी दुरूस्त न कर लटकाये जाने का प्रयास कर रहे हैं। स्वास्थ्य मंत्री के स्तर पर सचिवालय संघ के साथ हुई बैठकों में गोल्डन कार्ड की खामियों से सम्बन्धित संशोधित प्रस्ताव को अनुमोदित किया जा चुका है तथा वित्त विभाग के स्तर पर अभी प्रस्ताव सहमति हेतु विचाराधीन है, स्वास्थ्य मंत्री ने इस प्रस्ताव को आगामी मंत्रिमण्डल के समक्ष रखे जाने का वादा सचिवालय संघ से सभी उपस्थिति अधिकारियों के समक्ष किया गया है, परन्तु एकाएक इस पर मुख्य सचिव समिति बनाये जाने का बयान कमर्चारियों के जख्मों पर नमक छिडकने जैसा है 
 
        संघ के अध्यक्ष द्वारा कहा गया है कि सचिवालय संघ इस गम्भीर मुददें पर संघर्षरत है, सरकार को अपनी मांगों पर निर्णय हेतु दी गयी 01 माह की मियाद भी समाप्त होने को है, इसी सप्ताह सचिवालय संघ की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित करते हुये गोल्डन कार्ड सहित सभी मांगों/ मुददों की पूर्ति हेतु चरणबद्ध रूप से आन्दोलनात्मक कायर्क्रम निर्धारित किये जाने पर विचार मंथन सचिवालय संघ की कायर्कारिणी द्वारा किया जायेगा।
 
 दीपक जोशी, अध्यक्ष सचिवालय संघ।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here