
एसजीआरआरयू में एनईपी: एजुकेशन टू विकसित भारत की थीम पर शिक्षा समागम
देहरादून। श्री गुरु राम राय विश्वविद्यालय, देहरादून द्वारा अखिल भारतीय शिक्षा समागम (एबीएसएस 2026) का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। कार्यक्रम की थीम थीम एनईपी: एजुकेशन टू विकसित भारत रही। समागम में विश्वविद्यालय के 45 शोधार्थियों एवं 60 से अधिक छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य भारत सरकार की नई शिक्षा नीति (एनईपी) के उद्देश्यों, उसके लाभों तथा विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की भूमिका के प्रति विद्यार्थियों को जागरूक करना रहा।
शनिवार को आयोजित कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) के. प्रतापन ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 विकसित भारत के निर्माण की मजबूत आधारशिला है। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल ज्ञान प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि युवाओं में कौशल, नवाचार, शोध एवं उद्यमिता की भावना विकसित करने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि आज का युवा अपने ज्ञान और प्रतिभा का उपयोग कर आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है। एनईपी के संकल्प के साथ शिक्षा, शोध और नवाचार को आगे बढ़ाकर विकसित भारत के सपने को साकार किया जा सकता है।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के आईआईसी निदेशक प्रो. डॉ. द्वारिका प्रसाद नैथानी ने छात्र-छात्राओं को स्टार्टअप एवं उद्यमिता के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी और उन्हें नवाचार आधारित सोच विकसित करने के लिए प्रेरित किया। वहीं,यूनिवर्सिटी के शोधार्थियों ने अपने-अपने शोध कार्यों को पोस्टर के माध्यम से प्रदर्शित किया। शोधार्थियों ने अपने शोध विषयों, उपलब्धियों एवं संभावनाओं के बारे में जानकारी साझा की।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) के. प्रतापन, प्रो. पंकज चमोली तथा विश्वविद्यालय के एनईपी संयोजक एवं सह-संयोजक ने कार्यक्रम के सफल आयोजन पर सभी छात्र-छात्राओं एवं शोधार्थियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।








