
आखिर सारे उल्टे काम उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के यमकेश्वर में ही क्यों हो रहे हैं”!!? मतलब इण्टर कॉलेज यमकेश्वर पौडी़ गढ़वाल मे…
ख़बर हैं कि इण्टर कॉलेज यमकेश्वर पौडी़ गढ़वाल में पिछले वर्ष दिसम्बर में दो सहायक लिपिकों एक सामान्य पद और एक पद अनुसूचित जाति की विज्ञप्ति जारी हुई थी..
आरोप है कि जिसके लिए प्रबन्धक इ० का० यमकेश्वर ने विद्यालय के प्रधानाचार्य को हाशिए पर रखकर एक षड़यंत्र के तहत 3 अध्यापकों को आवेदन फार्म वितरित करने और प्राप्त आवेदनों को जमा करने के लिए अधिकृत किया गया
.इन तीनों अध्यापकों ने प्राप्त 400 से अधिक आवेदन पत्रों को प्रबन्धक के अस्थायी आवास कोटद्वार जमा कर दिए और प्रबन्धक ने इण्टर कॉलेज मोटाढा़क (कोटद्वार) के प्रभारी प्रधानाचार्य को.
आरोप है कि अब प्रबन्धक ने विधानसभा आचार संहिता 2022 लागू होने पर पौडी़ गढ़वाल के अशासकीय विद्यालय के दो शिक्षक नेता (जिसमें से एक पर एस० आई० टी० जांच बैठी है और दूसरा जिसके विद्यालय में फार्मों की जांच की गई) और मुख्य शिक्षा अधिकारी के साथ मिलकर षडयंत्र के तहत प्रधानाचार्य का निलम्बन कर दिया..!!
ताकि वह साक्षात्कार में न बैठ सके.
ये भी आरोप है कि इस बीच इन्होंने प्रधानाचार्य को हर तरह से परेशान किया.फिर जुलाई अन्त में नाटकीय ढंग से सीईओ पौडी़ ने प्रधानाचार्य का निलम्बन बहाल कर दिया…
सूत्र कहते है कि अब सीईओ और उनका आफिस दोनों शिक्षक नेता और प्रबन्धक गोपनीय तरीके से उपरोक्त दोनों पदों के साक्षात्कार इ० का० यमकेश्वर में न करवाकर लगभग 150 किलोमीटर दूर इ० का० मोटाढा़क( कोटद्वार) में 16 /10/2022 को करवा रहे हैं…!!
यमकेश्वर से आवेदन करने वाले अनेक अभ्यर्थियों ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि अभी तक उन्हें साक्षात्कार बुलावा पत्र नहीं मिले हैं. और एक षडयंत्र के तहत अनेक बेरोजगार अभ्यर्थियों को साक्षात्कार में बुलावा पत्र न भेजकर और स्थानीयता को तरजीह न देकर मोटाढाक इ० का० में इण्टरव्यू चोरी छिपे आयोजित करवा रहे हैं…
आरोप है कि जिसमें एक सीईओ का आदमी और एक शिक्षक नेता के आदमी के लिए फिल्डिंग सजायी जा रही है…
वही बेरोजगार युवाओ कि माँग है कि प्रदेश के मुख्यमंत्री जी शिक्षामंत्री जी और शिक्षा विभाग इन भर्तियों पर तत्काल रोक लगाकर एवं जांच करवाकर अति शीघ्र सच जनता के सामने लाये यदी गलत सबकुछ पाया जाता है तो फिर दण्डात्मक कार्यवाही की जाए..
ताकि पौडी़ जनपद के तमाम अशासकीय विद्यालयों में हो रहे भ्रष्टाचार में लिप्त मगरमच्छ पर एस० आई० टी० का शिकंजा कस सके….
ये पूरी जानकारी सूत्रों के हवाले से मिली है… इस बीच… अन्य किसी का बयान भी आएगा तो उसे भी छापा जाएगा..










