उत्तराखंड की बेटी के कातिलों को गैंग रेप वालो को फाँसी दो फाँसी दो पूरा उत्तराखंड गुस्से मे मुख्यमंत्री जी कहा हो ? खुलासा अब तक क्यो नही हुवा ?

782

आपको बता दे कि उतरकाशी जिले में मासूम पहाड़ की बेटी के साथ दुष्कर्म ओर फिर उसकी हत्या करने बाद पूरे पहाड़ मे गुस्से की आग फैली हुई है तो बढ़ते तनाव को देखते हुए नेट संचार की सेवाएं इसलिए ही पहाड़ी जिलो मे बंद की हुई है। तो वही माँ गंगोत्री घाटों पर एक बजे तक पूजा ना होने की बात अभी निकलकर आई है ये सब पुरोहित लोग ओर पूरा पहाड़ उन भेड़ियों को फांसी की सज़ा दिलाने की माग कर रहे है । 

आपको बता दूं कि विश्व प्रसिद्ध गंगोत्री धाम के पुरोहित समाज और व्यापारियों ने बीते दिन उत्तरकाशी में किशोरी की रेप और हत्या का विरोध करते हुए आरोपियों को फांसी की सजा की मांग की है 

. गंगोत्री मंदिर समिति के अध्यक्ष मुकेश सेमवाल ने बताया कि आज सोमवार को 1 बजे तक गंगोत्री धाम का पूरा बाजार बंद रहा और हुवा भी यही बाज़र बंद रहा इसके साथ ही गंगा घाटों पर पुरोहित समाज ने ख़बर लिखे जाने तक किसी प्रकार की पूजा अर्चना नहीं करी।

बोलता उत्तराखंड आपको बता रहा है कि गंगोत्री मंदिर समिति के अध्यक्ष मुकेश सेमवाल ने बताया कि 1 बजे के बाद देश- विदेश के श्रद्धालुओं की व्यवस्था को देखते हुए सभी प्रकार की पूजा की जाएगी और गंगोत्री बाजार खोला जाएगा. गंगोत्री मंदिर समिति के अध्यक्ष मुकेश सेमवाल ने यह जानकारी मीडिया को फोन पर दी. 

सेमवाल ने कहा कि जिस प्रकार का जघन्य अपराध जनपद में हुआ है, वह बहुत ही शर्मनाक है. इससे देवभूमि की छवि धूमिल हुई है.  
वहीं गंगोत्री मंदिर धाम के पुरोहितों ने सरकार से मांग की है कि रेप और हत्या के आरोपियों को फांसी की सजा दी जाए. रविवार शाम को किशोरी की आत्मा की शांति के लिए गंगोत्री बाजार में कैंडल मार्च निकाला गया

. साथ ही रविवार देर स्याम तक उत्तरकाशी व्यापार मंडल ने भी जनपद मुख्यालय में कैंडल मार्च निकाला. बता दें कि इस पूरे मामले में पुलिस अभी तक आरोपियों तक नहीं पहुंच पाई है. पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी इस घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं 

. तो दूसरी तरफ देहरादून से लेकर राज्य के हर पहाड़ी जिलो मे धरना ओर मासूम गुड़िया को इंसाफ दिलाने के लिए फाँसी की माग पूरे राज्य से आ रही है । देहरादून मे राज्य आनोलनाकारी मंच ने भी d.m कार्यलय मे अपने गुस्से का इजहार करते हुए सरकार से माग की है कि जल्द से जल्द दोषियों को फाँसी के तख्ते तक पहुचाया जाए । तो वही लगातार कही अन्य सगठन अब सड़को पर उतर आए है ।

जो कहूंगा सच कहूंगा।(बोलता उत्तराखंड़) मतलब रतन नेगी op

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here