त्रिवेंद्र सरकार अबकी बार
राज्यसभा सांसद सिर्फ 9 नवम्बर को अनिल गोयल
दिल्ली वाले नही देहरादून वाले चाहिए

चुनाव: टिकट कटाने को लंबी कतार, बहुगुणा और जाजू समेत दौड़ में कई दावेदार

 

बता दे कि
उत्तराखंड में राज्यसभा की एक सीट के लिए चुनाव का एलान होते ही प्रदेश में सत्तारूढ़ भाजपा में दावेदारों के नामों की चर्चा शुरू हो गई है।
ओर इस दौड़ में सबसे आगे पूर्व मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा और उत्तराखंड भाजपा के प्रभारी श्याम जाजू सहित अनिल गोयल माने जा रहे है
सूत्र तो ये तक बता रहे है कि भाजपा के राष्ट्रीय कार्यालय प्रभारी महेंद्र पांडेय का नाम भी चौंकाने वाला हो सकता है।
खांटी संघी पांडेय की कर्मभूमि हिमाचल रही है, लेकिन मूल रूप से वह उत्तराखंड के अल्मोड़ा के निवासी हैं। इन तीन प्रमुख नामों के अलावा भाजपा में दावेदारों की लंबी कतार है।
भाजपा के सियासी हलकों में जो नाम तैर रहे हैं, उनमें एक नाम सुरेश भट्ट का भी है।
भटट् हरियाणा में पार्टी के महामंत्री संगठन हैं और उत्तराखंड मूल के हैं। उनके अलावा चर्चा में पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष अनिल गोयल का नाम भी है।
बता दे कि
पार्टी गोयल को दो बार राज्यसभा का प्रत्याशी बना चुकी है, लेकिन गोयल दोनों बार ऐसे वक्त में प्रत्याशी बनाए गए जब भाजपा मजबूत स्थिति में नहीं थी। हाल ही में प्रदेश कार्यसमिति में शामिल हुए शौर्य डोभाल का नाम भी दावेदारों के तौर पर लिया जा रहा है
साथ ही उनके अलावा ज्योति गैरोला और नरेश बंसल के नाम भी चर्चाओं में हैं।

विधानसभा में समीकरण
दल        संख्या
भाजपा      57
कांग्रेस      11
निर्दलीय    02
कुल योग   70

वही राज्यसभा चुनाव में भाजपा राज्य से बाहर का उम्मीदवार देगी या राज्य के भीतर से किसी नेता पर दांव लगाएगी, ये जल्द पता चल जाएगा। लेकिन अभी तक यही अनुभव रहा है कि राज्यसभा में गए बाहरी उम्मीदवार की राज्य में सक्रियता को लेकर हमेशा सवाल उठते रहे हैं। कांग्रेस ने राजब्बर को उत्तराखंड से राज्यसभा में भेजा।

लेकिन चुने जाने के बाद राजबब्बर ने भाजपा को सवाल उठाने का पूरा मौका दिया। उन पर आरोप लगे कि वे अपने कार्यकाल में उत्तराखंड में दिखाई ही नहीं दिए। राजबब्बर से पहले कांग्रेस कैप्टन सतीश शर्मा और सत्यव्रत चतुर्वेदी को भी उत्तराखंड से राज्यसभा में भेज चुकी है। उनकी सक्रियता को लेकर भी इसी तरह के सवाल उठे थे बहराल जहा तक बोलता उत्तराखंड को लगता है तो सही मायने में अनिल गोयल के साथ नाइंसाफी अभी तक हुई है भले ही अनिल गोयल ने कभी अपने मुह से कुछ नही कहा
पर व्यापारी समाज से लेकर अन्य नेताओ का कहना है कि सिर्फ अनिल गोयल के ही नाम पर मुहर लगनी चाहिए।

उत्तराखंड की एक राज्यसभा सीट के लिए आगामी नौ नवंबर चुनाव

निर्वाचन आयोग ने चुनाव का किया कार्यक्रम जारी

उत्तराखंड की एक सीट पर कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य राज बब्बर का कार्यकाल 25 नवंबर को समाप्त हो रहा है

भाजपा के पास प्रचंड बहुमत है। इसलिए यह सीट बीजेपी को मिलनी तय है।

 

-20 अक्तूबर को चुनाव की अधिसूचना होगी जारी
-27 अक्तूबर नामांकन की आखिरी तारीख
-दो नवंबर तक नामांकन वापसी
-नौ नवंबर को होगा चुनाव


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