उत्तराखंड : होमगार्ड का बड़ी बेदर्दी से किया कत्ल, अभी बेटी 3 मै तो बेटा पड़ता है अभी क्लास 1 मैं ओर पिता करते है खेती बाड़ी। मुख्यमंत्री जी इस परिवार का सहारा बनना ।

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उत्तराखंड : होमगार्ड का बड़ी बेदर्दी से किया कत्ल, अभी बेटी 3 मै तो बेटा पड़ता है अभी क्लास 1 मैं ओर पिता करते है खेती बाड़ी। मुख्यमंत्री जी इस परिवार का सहारा बनना ।

आपको बता दे की लगभग डेढ़ किलोमीटर तक खून के छींटे देखकर यह माना जा रहा है कि हत्यारे ने होमगर्ड हेम चंद्र को घसीटते हुए घटनास्थल तक लाए थे। ओर यहीं पर उसकी पैंट से उसका गला एक पेड़ से बांध दिया था। वही सीओ आरएस रौतेला ने बताया कि हत्या की वजह पता नहीं चली है, मामले की जांच जारी है। थानाप्रभारी कनालीछीना मामले की जांच कर रहे हैं, जल्द ही इस पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।
आपको बता दे कि 11 अप्रैल को मतदान के बाद से होमगार्ड भाई गायब थे।
कालाढूंगी, धमोला क्षेत्र के ग्राम भीमपुरी जिला नैनीताल निवासी होमगार्ड हेम चंद्र (45) पुत्र विशन राम की मतदान के लिए ड्यूटी कनालीछीना स्थित नैनी बूथ पर लगी थी। वह 11 अप्रैल को मतदान के बाद से वह गायब थे। तो पीठासीन अधिकारी और सेक्टर मजिस्ट्रेट ने कनालीछीना थाने में गुमशुदगी भी दर्ज कराई थी।
वही , शुक्रवार को नैनी के जंगल में कांबिंग के दौरान होमगार्ड का शव पुलिस को मिला। शनिवार को अल्मोड़ा से तीन सदस्यीय फोरेंसिक टीम सुबह 9.30 बजे घटनास्थल पर पहुंची। सीओ राजन सिंह रौतेला, एसओ अशोक धनगड़ पुलिस टीम के साथ मौके पर मौजूद रहे। सीओ रौतेला ने बताया कि नैनी बूथ से होमगार्ड का शव डेढ़ किमी दूर जंगल में मिला।
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घटनास्थल पर मिले सबूतों के आधार पर सीओ ने बताया कि फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से खून, बाल आदि के नमूने जांच के लिए सुरक्षित किए हैं। इस दौरान मृतक के परिजन भी मौजूद रहे। तहसीलदार केएस धौनी की मौजूदगी में पंचनामा भरने के बाद पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था।
तो पुलिस ने गांव के कुछ युवकों से पूछताछ की है, लेकिन अभी तक इस मामले में कुछ खास पता नहीं चला है। पर जिस तरह होमगार्ड की निर्दयता से हुई है हत्या उससे क्षेत्र में दहशत है।

आपको बता दे कि होमगार्ड हेम चंद्र 11 तारीख को पांच बजे मतदान समाप्त होने के बाद गायब हो गया था। प्राथमिक विद्यालय नैनी बूथ जंगल के बीच में है। होमगार्ड को हत्यारे बांज के जंगल में डेढ़ किमी तक घसीटते हुए ले गए। जंगल में जहां-तहां बांज के पत्तों के बीच और पत्थरों में उसे घसीटे जाने और खून के छींटे पड़े हैं।

ये भी जानने वाली बात है कि नैनी और लमड़ा के ग्रामीणों की समस्या देखते हुए इस बार लोकसभा चुनाव में नैनी प्राथमिक विद्यालय को पहली बार मतदान केंद्र बनाया गया। दुर्भाग्य से पहली बार ही वीभत्स हादसा हो गया। दोनों गांवों के ग्रामीण पूर्व में 6-10 किमी की खड़ी चढ़ाई पार कर पाली मतदान केंद्र में जाते थे। नैनी में 10 गांवों के करीब 50 लोग रहते हैं। सूत्रों के अनुसार पुलिस ने गांव के कुछ युवाओं से मामले में पूछताछ की है, लेकिन अभी कोई ठोस सुराग नहीं मिल पाया है।
लोह कह रहे है कि बेहद मिलनसार था होमगार्ड हेम
मतदान ड्यूटी को डीडीहाट विधानसभा क्षेत्र के नैनी मतदान केंद्र में आया होमगार्ड हेम चंद्र काफी मिलनसार था। वह लोगों से जल्द घुलमिल जाते थे। यह कहना है मृतक के जीजा चिरंजी लाल आर्या का। गमगीन माहौल में चिरंजी लाल ने बताया कि वे हेम के छोटे भाई लक्ष्मण प्रसाद और चचेरे भाई दीपक चंद्र आर्या के साथ शनिवार सुबह पिथौरागढ़ पहुंचे। इसके बाद पुलिस के साथ वो घटनास्थल नैनी के जंगल में गए।
वही उन्होंने बताया कि हेम को मार कर पेड़ पर लटकाया गया है। उसके घुटने मुड़े थे, साथ ही शरीर पर चोट के निशान हैं। हेम की पत्नी कमला देवी कमौला, कालाढुंगी स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में कार्यरत हैं। हेम के चार भाई थे। हेम दूसरे नंबर का था, बड़ी बेटी कक्षा तीन और बेटा एक में पढ़ता है। हेम के पिता खेतीबाड़ी करते हैं।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र जी इस परिवार का सहारा बनाना ।पुलिस के महानिदेशक जी होमगार्ड भाई के परिवार के लिए जो भी मदद हो सके वो करना।

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