क्या है पीएनबी का पूरा घोटाला आइए जानते हैं?

पंजाब नेशनल बैंक में देश का सबसे बड़ा बैंकिंग घोटाला हुआ है. अभी तक मिली जानकारी के अनुसार ये घोटाला 1150 करोड़ का है. खुद पंजाब नेशनल बैंक ने शेअर बजार की मुंबई स्थित शाखा में इस बात की जानकारी दी है।

इस घोटाले में हीरा कारोबारी नीरव मोदी का नाम सामने आया है. इस घोटाले के उजागर होने के बाद पीएनबी अभी तक अपने 18 कर्मचारीयों को निलंबित कर चुका है. पीएनबी ने बताया की कुछ खाता धारकों को लाभ पहुंचाने के लिए इतनी बड़ी रकम का हेर-फेर हुआ है. इस लेन-देन के आधार पर इन ग्रहाकों को दूसरे बैंकों ने विदेशों में कर्ज दिया है।

क्या है एलओयू

यह घोटाला लेटर ऑफ अंडरटेकिंग (एलओयू) पर आधारित है. यह पत्र एक तरह की गारंटी होती है जिसके आधार पर दूसरे बैंक खाताधारक को रकम उपलब्ध कर देते हैं. ऐसे में यदि खातेदार पैसे जमा नहीं करता है या पैसे लेकर भाग जाता है तो एलओयू जारी करने वाले बैंक की जिम्मेदारी होती है कि वो संबंधित बैंक को भुगतान करें।

पंजाब नेशनल बैंक के घोटाले में कुछ प्राइवेट बैंकों के नाम भी लिए जा रहे हैं जिन्हें एलओयू दिया गया था. इन बैंकों में यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, इलाहाबाद बैंक और ऐक्सिस बैंक शामिल हैं, कहा जा रहा है कि इन सभी बैंकों ने पीएनबी द्वारा जारी किए गए एलओयू के आधार पर हि नीरव मोदी को लोन दिया था।

घोटाला हुआ कैसे..?

  •  पिछले सप्ताह, पंजाब नेशनल बैंक ने सीबीआई के पास एलओयू से सम्बंधित 280.7 करोड़ रुपये के फर्जीवाड़े की एफआईआर कराई थी.
  •  उस समय पंजाब नेशनल बैंक के अधिकारियों ने कहा था कि वे अभी इस घोटाले के स्तर की जांच कर रहे हैं.
  •  अपनी शिकायत में पीएनबी ने कहा कि डायमंड्स आर अस, सोलर एक्सपोर्ट्स एवं स्टेलर डायमंड्स नामक तीन हीरा कम्पनियां 16 जनवरी को उनके पास आईं और उनसे क्रेडिट के लिए अनुरोध किया.
  •  बैंक ने खरीदार ऋण को बढ़ाने के लिए ऋणदाताओं को पैसा जारी करने हेतु 100 प्रतिशत नकदी मार्जिन की मांग की थी.
  •  नीरव मोदी उनके भाई निशाल, पत्नी एमी और मेहुल चीनूभाई चौकसी इन कम्पनियों में भागीदार हैं. इनके न्यूयॉर्क, हॉगकॉग तथा लंदन में हीरे के आभूषणों के शोरूम हैं.
  •  इनके साथ ही बैंक के डिप्टी मेनेजर गोकुलनाथ शेट्टी को भी इस घोटाले में लिप्त पाया गया. वे मुंबई स्थित पीएनबी की फॉरेन एक्सचेंज में 31 मार्च 2010 से कार्यरत थे.
  •  शेट्टी पर आरोप है कि उन्होंने एक अन्य अधिकारी मनोज खरात के साथ मिलकर इस धोखाधड़ी को अंजाम दिया. इन्होने बैंकिंग प्रक्रिया का पालन न करते हुए एलओयू जारी किये तथा इस रिकॉर्ड की बैंक के खातों में एंट्री दर्ज नहीं की ताकि पैसों की निकासी का पता न चल सके.
  • नीरव मोदी कौन है?

 नीरव मोदी (48 वर्षीय) डायमंड कैपिटल के रूप में प्रसिद्ध बेल्जियम के एंटवर्प शहर की विख्यात डायमंड ब्रोकर कंपनी के परिवार से संबंधित हैं. आरोप है कि इस घोटाले के पीछे नीरव मोदी ही हैं जिन्होंने बैंकों से हजारों करोड़ रुपये की रकम ली लेकिन उसे वापिस नहीं किया. नीरव मोदी के विश्व भर के अहम शहरों में ज्वेलरी शोरूम हैं. इनमें दिल्ली मुंबई, न्यूयॉर्क, हॉगकॉग, लंदन, मकाउ आदि शामिल हैं. उनके सबसे चर्चित डिजायन एंडलेस कट, जैस्मीन कट, ऐनरा कट और मुगल कट विशेष लोकप्रिय हैं.

नीरव मोदी द्वारा डिजायन किए गए आभूषण की कीमत 5 लाख रुपये से लेकर 50 करोड़ रुपये तक है, जिसे तमाम दिग्गज हस्तियां पहनती हैं. नीरव मोदी का नाम फोर्ब्स की सबसे अमीर लोगों की सूची में भी आ चुका है. वर्ष 2017 की सूची में वे 57वें नंबर पर थे. उनकी कुल संपत्ति 1.73 अरब डॉलर यानि 110 अरब रुपये है, जबकि उनकी कंपनी का राजस्व 149 अरब रुपये बताई जाती है.

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