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देहरादून. उत्तराखंड के देहरादून से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. दरअसल यहां के रहने वाले एक व्‍यक्ति पर अपनी कोरोना पीड़ित पत्‍नी का सही प्रकार इलाज न करवाने का आरोप लगा है, जिसकी वजह से उसका निधन हो गया. वहीं, इस मामले में महिला के मायके वाले अब पति समेत सभी ससुरालीजनों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज करने के साथ दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.

बता दें कि उत्तर प्रदेश के ललितपुर के रहने वाले प्रदीप सिंह सौरियाल ने मृतका अदिति को न्‍याय दिलाने के लिए देहरादून पुलिस से गुहार लगाई है. उन्‍होंने बताया कि देहरादून में नेहरू कॉलोनी में रहने वाले दीपक सिंह रौथान से अपनी बेटी अदिति की शादी 18 अप्रैल 2018 को पूरे रीति रिवाज और धूमधाम से की थी, लेकिन अदिति की मृत्यु उसके पति व सास-ससुर द्वारा कोरोना का इलाज न कराने के कारण हुई है.

शादी के तीन साल बाद इंजीनियर दामाद का भरा मन

मृतका अदिति के पिता के मुताबिक, उन्‍होंने अपने पुत्री की शादी पेशे से इंजीनियर दीपक से 2018 में की थी और वह उस वक्‍त नोएडा में जॉब करता था. जबकि मेरी बेटी फूड कॉर्पोरेशन, मुंबई में काम करती थी. इस दौरान अदिति का मुंबई से नोएडा और दीपक का नोएडा से मुंबई आना जाना लगा रहता था. इस बाद 2019 में अदिति ने अपने पति के कहने पर अपना ट्रांसफर दिल्‍ली करवा लिया और फिर दोनों नोएडा में रहने लगे. इस बीच 14 फरवरी 2021 को अदिति ने एक पुत्र को नोएडा में जन्म दिया था. इसके बाद अदिति ने ऑफिस से मैटरनिटी लीव ले ली और दीपक उसे अपने पैतृक घर देहरादून ले आया।

देहरादून में दीपक और उसके माता-पिता छोटी-छोटी बातों पर अदिति को प्रताड़ित करने लगे. अदिति के पिता के मुताबिक, यह बात बेटी ने हमें बताई थी, लेकिन हमने उसे समझाकर शांत कर दिया.यही नहीं, 29 अप्रैल का अदिति की तबीयत खराब होने पर पता चला कि उसे कोरोना हो गया है. हालांकि इस दौरान दीपक ने उसे डॉक्‍टर को नहीं दिखाया. इसके बाद जब उसकी ज्‍यादा तबीयत खराब हुई तो उसे देहरादून के कैलाश हॉस्पिटल में भर्ती करवाया, लेकिन उसने 20 मई को अस्‍पताल में ही दम तोड़ दिया. लड़की के पिता का आरोप है कि अस्पलात में भर्ती कराने से पहले दीपक और उसके घर वाले अदिति को खाना तक नहीं देते थे.

अदिति ने बहनों को बताई थी ये बात

लड़की के पिता के मुताबिक, अदिति ने व्हाट्सएप के सहारे अपनी बहनों को दीपक और उसके माता-पिता द्वारा मानसिक रूप से प्रताड़ित करने की बात कही थी. यही नहीं, परेशान होकर अदिति ने तलाक लेने का फैसला भी कर लिया था. अदिति को ऐसा लगने लगा था कि ससुराल वालों की वजह से शायद वह बच नहीं पाएगी, इसलिए उसने अपने नवजात शिशु को अपनी दीदी को सौंपने का फैसला कर लिया था. अदिति ने अपने व्हाट्सएप चैट पर इस बात का भी जिक्र किया था कि उसके ससुराल वाले उसे निपटाना चाहते हैं, कोविड की बिमारी तो एक बहाना है. हैरानी की बात ये है कि अदिति के बैंक अकाउंट का पूरा हिसाब किताब भी दीपक ही रखता था और जब अदिति अस्‍पताल में भर्ती थी, कई आरडी तुड़वाए जो मैच्योर नहीं हुए थे.

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