बीजेपी विधायक गणेश जोशी कड़वा सच बोल गए यहा सरकार नाम की चीज ही नही !

 

उत्तराखंण्ड राज्य मे लगातार हो रही बरसात ने पहाड़ो मे जमकर जन जीवन अस्त व्यस्त कर रखा है कही लोगो के मकान से लेकर जानवर तक आपदा की भेंट चढ़ चुके है तो कुछ लोगो की मौत भी हो चुकी है डबल इज़न की सरकार भले ही दम भरती हो कि उनके अधिकारी अपने काम को बेहतर कर रहे है पर हकीकत कुछ और जिसे खुद बीजेपी के दबंग विधायक गणेश जोशी ने सामने ला दिया है मसूरी विधायक ने आपदा पीड़ितों का जब हाल देखा तो वे गुस्से आ गए और मौके से ही अधिकारी को फटकार तक लगा डाली जोशी ये तक बोल गए कि प्रदेश में सरकार नाम की कोई चीज है भी या नही ।जब विधायक किसी अधिकारी को फोन पर ये बोले तो आप समझ जाओ की राज्य के मनमौजी अधिकारी त्रिवेन्द्र के राज मे बेलगाम है। 

आपको मालूम ही है कि बरसात ने पहाड़ो मे जमकर चारों ओर तबाही मचाई हुई है. जिसका पूरा असर मसूरी में भी दिखा बारिश और भूस्खलन की वजह से काफी नुकसान हुआ है. मंगलवार को स्थानीय विधायक गणेश जोशी ने इलाके में भ्रमण किया और आपदा पीड़ितों से मुलाकात की. पीड़ितों की आप बीती सुनकर विधायक जोशी को गुसा आया और उन्होंने समय समय पर राहत ना पहुंचाने अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई.         

आपको बता दे कि विधायक का सबसे ज्यादा गुस्सा गढ़वाल जल संस्थान के अधिकारियों पर देखने को मिला. अधिकारियों को रवैये से परेशान विधायक ने फोन पर अधिकारी को यहां तक कह दिया कि उन्हें लग नहीं रहा कि उनके प्रदेश में सरकार नाम की कोई चीज है.

जनता ने बोला कि बीते दिनों मसूरी में निर्माणधीन पुस्ता गिर गया था. जिसकी चपेट में आने से एक मकान पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया था. लेकिन तीन दिन बीत जाने के बाद भी सरकार और स्थानीय प्रशासन का कोई भी नुमाईंदा उन्हें देखने तक नहीं आया. पीड़ित परिवार ने पड़ोसियों के यहां शरण ली हुई है.
पीड़ित परिवार ने सरकार और स्थानीय प्रशासन के खिलाफ अपना गुस्सा जाहिर किया. पीड़ित नववीर रौथाण ने बताया कि उनके मकान के क्षतिग्रस्त होने के बाद कोई भी अधिकारी उनकी सुध लेने नहीं पहुंचा. सरकार की तरफ से उनकी कोई मदद नहीं की गई. सरकार केवल आपदा के नाम पर बड़ी-बडी़ बातें करती है.  
हुसैन गंज निवासी राम सिंह रावत ने भी विधायक के आगे शिकायतों की बौछार लगा दी. रावत का कहना है कि मोहल्ले में तीन सालों से सीवरेज बह रहा है. अधिकारियों को इस बारे में कई बार अवगत कराया जा चुका है. लेकिन किसी ने भी इस पर ध्यान नहीं दिया.

बस फिर क्या था पीड़ित परिवार की हालत देख विधायक अधिकारियों पर जमकर बरसे और क्षेत्र में हो रही सीवरेज को ठीक करने के निर्देश दिए. लोक निर्माण विभाग के अधिकारी को क्षतिग्रस्त मकान का तत्काल एस्टीमेंट बनाकर पीड़ित परिवार को तुरंत राहत राशि देने के निर्देश दिए. विधायक गणेश जोशी ने कहा कि पीड़िता को आपदा मानकों के मुताबिक तत्काल एक लाख रुपए का मुआवजा दिया जाना है. वहीं सीएम राहत कोष से भी पीड़ित परिवार को एक लाख रुपए की अतिरिक्त राशि देने की घोषणा की गई.
बहराल गणेश जोशी ने जो हाल अपने क्षेत्र के अधिकारियों का देखा वही हाल हर उस जगह अधिकारी कर्मचारी का जहा जहा आपदा पीडित परेशान है पर वो विधायक चाह कर भी कुछ बोल नही पा रहे है क्योकि उनके कुछ बोलने पर बदनामी फिर उनकी सरकार की ही होनी है इसलिए सब जानकार भी खाँमोश है हा ये बात जरूर है कि बीजेपी के विधायक मंत्री और बीजेपी सगठन के लोग सीएम त्रिवेन्द्र रावत से लेकर विधान सभा अद्य्यक्ष तक को ये बात कह चुके है कि अधिकारी ना उनसे ठीक से बात करते ना उनका फोन उठाते जिस पर कुछ दिनों पहले विधानसभा अद्य्यक्ष ने मुख्य सचिव को पत्र भी लिखा था पर जवाब अभी तक नही आया उस पत्र का भी । बोलता है उत्तराखंड़ की त्रिवेन्द्र सरकार को चुन चुन कर पहाड़ विरोधी अफ़सरो से लेकर अधिकारी तक के लिए ओर लाहपरवाह अधिकारी तक कि इन रवैया का हल जल्द तालशना होगा नही तो ये लोग ही आपकी लोकप्रिय सरकार प्रचंड बहुमत की सरकार डबल इज़न की सरकार को अगली बार 57 से 37 पर भी नही रहने देंगे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here