राज्यसभा सांसद पहाड़ पुत्र अनिल बलूनी ने उत्तराखंड के दुर्गम क्षेत्रों में सेना और अर्ध सेना के अस्पतालों के माध्यम से आम जनता को राहत देने हेतु रक्षा मंत्री और गृह मंत्री से अनुरोध किया था कि जनता को इन अस्पतालों से प्रतिदिन कुछ घंटे ओपीडी की सुविधा प्राप्त हो सके। इस दिशा में एसएसबी ने आज बाकायदा आदेश जारी करके जनता के लिए बड़ी खुशखबरी दी है। आदेश में केवल ओपीडी ही नहीं, मरीजों को भर्ती करने की सुविधा के भी आदेश हैं।
आपको बता दे कि सांसद बलूनी ने कुछ दिन पूर्व एसएसबी के डीजी एसएस देशवाल से भेंट की थी, जिसमें उन्होंने एसएसबी के अस्पतालों के माध्यम से जनता को उपचार देने का अनुरोध किया था। डीजी देशवाल ने उक्त विषय का अध्ययन करके इस संबंध में आदेश भी जारी कर दिए। आदेश में उत्तराखंड ही नहीं बल्कि जहां-जहां एसएसबी की बटालियनें तैनात हैं, वहां के स्थानीय नागरिकों को अब उपचार प्राप्त होगा।

इस मौके पर सांसद बलूनी ने कहा कि स्वास्थ्य के लिए राज्य सरकार द्वारा भरसक प्रयास किए जा रहे हैं, किंतु दुर्गम क्षेत्रों तक चिकित्सकों की तैनाती होने तक सेना और अर्ध सेना के चिकित्सकों द्वारा जनता को ओपीडी सुविधा बहुत बड़ी राहत होगी और तात्कालिक तौर पर जनता को प्राथमिक उपचार मिल सकेगा। आइटीबीपी ने पहले ही अपने अनेक केंद्रों में उक्त सुविधा प्रारंभ कर दी है। 
सांसद बलूनी ने केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह जी और देशवाल का आभार जताते हुए धन्यवाद दिया और कहा कि एसएसबी का आदेश उत्तराखण्ड की सीमान्त व दुर्गम क्षेत्र की जनता के लिए राहत भरा कदम है। बहराल पहाड़ पुत्र बलूनी जो कहते है वो करते है ।जो कहा वो किया के उद्देश्य से बलूनी लगातार राज्य हित मे वो भगीरथ प्रयास कर रहे है जिनके धरातल पर उतरते ही लोकप्रिय पहाड़ पुत्र अनिल बलूनी की जमकर तारीफ़ गाँव गाँव के लोग कर रहे है तो बलूनी के राजनीतिक विरोधी जल भून ने के साथ बलूनी के आगे बढ़ते कदमो को पीछे करने के लिए षडयंत्र की बिसात बिछाने मै जुटे हुए है
फिलहाल तो क्या गढ़वाल क्या कुमाऊँ की जनता वो बलूनी के प्रयासों से खुश है ओर पहली बार पहाड़ की जनता को किसी नेता को दुवा देता देखा जा रहा है ।वरना यहा की जनता तो नेताओ से इतनी दुःखी है को उनका नाम सुनना तक पसन्द नही करती और यही जनता आज अनिल बलूनी जिंदाबाद के दिल से नारे लगा रही है ।जो सुखद है और बलूनी के लिए बढ़ता आत्मविस्वास



LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here